कई लोगों की नींद अचानक पैरों में तेज दर्द और ऐंठन के कारण खुल जाती है। इसे नॉक्टर्नल लेग क्रैम्प्स या “चार्ली हॉर्स” कहा जाता है। यह समस्या आमतौर पर पिंडली, जांघ या पैरों के तलवों में होती है। ऐंठन के दौरान मांसपेशियां अचानक सिकुड़ जाती हैं, जिससे कुछ सेकंड से लेकर कई मिनट तक दर्द बना रह सकता है। हालांकि यह समस्या आमतौर पर गंभीर नहीं होती, लेकिन बार-बार होने पर डॉक्टर की सलाह लेना जरूरी है।
मांसपेशियों की थकान बन सकती है वजह
विशेषज्ञों के अनुसार लंबे समय तक खड़े रहना, अधिक पैदल चलना, कठिन व्यायाम करना या लंबे समय तक एक ही स्थिति में बैठना मांसपेशियों पर दबाव डालता है। इससे रात के समय ऐंठन होने की संभावना बढ़ जाती है। वहीं डेस्क जॉब करने वाले लोगों में लंबे समय तक बैठे रहने के कारण भी यह समस्या देखी जाती है।
पानी की कमी भी बढ़ा सकती है जोखिम
गर्मियों में शरीर से पसीने के जरिए काफी मात्रा में पानी और जरूरी खनिज निकल जाते हैं। यदि पर्याप्त पानी नहीं पिया जाए तो शरीर में इलेक्ट्रोलाइट असंतुलन हो सकता है, जो मांसपेशियों में ऐंठन का कारण बन सकता है।
खराब रक्त संचार और नसों पर दबाव
लंबे समय तक गलत मुद्रा में बैठना या सोना नसों और रक्त संचार को प्रभावित कर सकता है। कुछ लोगों में सोते समय पैरों की उंगलियां नीचे की ओर मुड़ जाती हैं, जिससे पिंडली की मांसपेशियां सिकुड़ जाती हैं और ऐंठन का खतरा बढ़ जाता है।
गर्भावस्था और कुछ बीमारियां भी जिम्मेदार
गर्भावस्था के दौरान हार्मोनल बदलाव, बढ़ता वजन और रक्त वाहिकाओं पर दबाव के कारण महिलाओं में यह समस्या अधिक देखी जाती है। इसके अलावा डायबिटीज, थायरॉयड विकार, किडनी संबंधी समस्याएं और रक्त संचार से जुड़ी बीमारियां भी बार-बार होने वाली ऐंठन से जुड़ी हो सकती हैं।
कैसे करें बचाव?
पर्याप्त पानी पिएं, नियमित स्ट्रेचिंग करें, लंबे समय तक एक ही स्थिति में न रहें और संतुलित आहार लें। यदि ऐंठन बार-बार हो रही है, तो चिकित्सकीय जांच कराना बेहतर रहेगा।
