Jamtara News : जामताड़ा जिले में स्वास्थ्य सेवाओं की स्थिति को लेकर एक बार फिर सवाल खड़े हो गए हैं। सदर अस्पताल परिसर में एक सरकारी एंबुलेंस के खराब हो जाने के बाद उसे दूसरी एंबुलेंस की मदद से रस्सी बांधकर मरम्मत केंद्र तक ले जाया गया। इस घटना का वीडियो सामने आने के बाद लोगों के बीच चर्चा तेज हो गई है और एंबुलेंस सेवाओं के रखरखाव को लेकर सवाल उठने लगे हैं।
जानकारी के अनुसार सदर अस्पताल जामताड़ा में तैनात एक सरकारी एंबुलेंस तकनीकी खराबी के कारण अचानक बंद पड़ गई। वाहन को मौके पर ठीक नहीं किया जा सका, जिसके बाद उसे मरम्मत के लिए मैकेनिक के पास भेजने का निर्णय लिया गया। चूंकि एंबुलेंस चलने की स्थिति में नहीं थी, इसलिए दूसरी कार्यरत एंबुलेंस की सहायता ली गई। रस्सियों के सहारे दोनों वाहनों को जोड़कर खराब एंबुलेंस को खींचते हुए मरम्मत केंद्र तक पहुंचाया गया।
घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। वीडियो में एक एंबुलेंस दूसरी एंबुलेंस को खींचते हुए दिखाई दे रही है। सड़क पर यह दृश्य देखने वाले कई लोग हैरान रह गए। स्थानीय नागरिकों का कहना है कि आपातकालीन स्वास्थ्य सेवाओं के लिए उपयोग किए जाने वाले वाहनों की नियमित देखरेख और समय पर मरम्मत बेहद जरूरी है।
यह मामला ऐसे समय सामने आया है जब हाल ही में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने स्वास्थ्य, चिकित्सा शिक्षा एवं परिवार कल्याण विभाग की समीक्षा बैठक में राज्य में एंबुलेंस सेवाओं को लेकर मिल रही शिकायतों पर नाराजगी जताई थी। उन्होंने सेवा व्यवस्था में सुधार लाने और लापरवाही बरतने वालों के खिलाफ कार्रवाई की चेतावनी भी दी थी।
स्थानीय लोगों का कहना है कि एंबुलेंस जैसी महत्वपूर्ण सेवा का तकनीकी रूप से फिट रहना आवश्यक है, क्योंकि यह सीधे मरीजों की जिंदगी से जुड़ा विषय है। लोगों ने मांग की है कि जिले में संचालित सभी एंबुलेंस वाहनों की नियमित जांच और रखरखाव सुनिश्चित किया जाए, ताकि आपातकालीन स्थिति में मरीजों को किसी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े।
फिलहाल संबंधित विभाग की ओर से इस मामले में कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है, लेकिन वायरल वीडियो ने स्वास्थ्य व्यवस्था और एंबुलेंस प्रबंधन को लेकर नई बहस छेड़ दी है।
